Monday, December 5, 2022

बिड़ला बदलेंगे अनिल अंबानी की डूबी कंपनी की किस्मत! खरीदने की दौड़ में शामिल

रिलायंस कैपिटल को विभिन्न कंपनियों के लिये 14 गैर-बाध्यकारी बोलियां प्राप्त हुई हैं। छह कंपनियों ने पूरी कंपनी के लिए बोली जमा की थी जबकि अन्य ने उसकी अलग-अलग सब्सिडयरी इकाइयों के लिए बोली लगाई थी।

अनिल अंबानी के रिलायंस कैपिटल की सब्सिडयरी रिलायंस निप्पन लाइफ इंश्योरेंस को खरीदने की रेस में कुमार मंगलम बिड़ला की कंपनी शामिल हो गई है। आदित्य बिड़ला कैपिटल लिमिटेड ने रिलायंस निप्पन में हिस्सेदारी खरीदने के लिए दिलचस्पी दिखाई है। न्यूज एजेंसी पीटीआई सूत्रों के मुताबिक आदित्य बिड़ला की वित्तीय सेवा इकाई रिलायंस निप्पन लाइफ इंश्योरेंस में 51 प्रतिशत हिस्सेदारी खरीदना चाहती है।

किसकी कितनी हिस्सेदारी: आपको बता दें कि रिलायंस निप्पन लाइफ इंश्योरेंस, रिलायंस कैपिटल और जापान की निप्पन लाइफ का ज्वाइंट वेंचर है। इसमें दोनों की 51:49 अनुपात में हिस्सेदारी है। इस बारे में संपर्क किये जाने पर आदित्य बिड़ला कैपिटल ने कोई भी टिप्पणी करने से मना कर दिया। रिलायंस निप्पन लाइफ, रिलायंस कैपिटल की एकमात्र सब्सिडयरी है जिसके लिए कोई बोली नहीं आई। गैर-बाध्यकारी बोली जमा करने की तिथि 29 अगस्त को समाप्त हुई थी।

रिलायंस कैपिटल को विभिन्न कंपनियों के लिये 14 गैर-बाध्यकारी बोलियां प्राप्त हुई हैं। छह कंपनियों ने पूरी कंपनी के लिए बोली जमा की थी जबकि अन्य कंपनियों ने उसकी अलग-अलग सब्सिडयरी इकाइयों के लिए बोली लगाई थी। बाध्यकारी बोली जमा करने की अंतिम तिथि 31 अक्टूबर है।

बोलीदाता के पास दो विकल्प: बोलीदाताओं के पास दो विकल्प हैं। पहले विकल्प के तहत, बोलीदाताओं को पूरी रिलायंस कैपिटल के लिए बोली लगाने की जरूरत है। वहीं दूसरे विकल्प के तहत, वे कंपनी की सब्सिडयरी इकाइयों के लिए बोली लगा सकते हैं।

आदित्य बिड़ला कैपिटल के अलावा टॉरेन्ट समूह ने ऋण शोधन अक्षमता और दिवाला संहिता (आईबीसी) के तहत रिलायंस निप्पन लाइफ इंश्योरेंस कंपनी में 51 प्रतिशत हिस्सेदारी के लिए निप्पन लाइफ इंश्यारेंस के साथ भागीदारी की है। 

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

0FansLike
0FollowersFollow
0SubscribersSubscribe

Latest Articles